देहरादून, जिलाधिकारी डाॅ आशीष कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में जिला जल जीवन मिशन (शहरी) समिति की आॅनलाईन बैठक आयोजित की गई।
जिलाधिकारी द्वारा गत दिवस में हुई जलजीवन मिशन (शहरी) समिति की बैठक में उत्तराखण्ड पेयजल निगम, उत्तराखण्ड जल संस्थान और उत्तराखण्ड शहरी क्षेत्र विकास ऐजेंसी (यूयूएसडीए) को जल जीवन मिशन ( शहरी) के अन्तर्गत पेयजल आपूर्ति, वाटरबाॅडी पुनर्जीवन, सीवरेज मैनैजमेंट तथा सैनिटेशन, से सम्बन्धित सिटी वाटर बैलेंस प्लान से जुड़े डेटा को सम्बन्धित नगर निकायों (यूएलबी) नगर निगम और नगर पालिकाओं के समन्वय से आईडेन्टिफाई करने तथा डेटा कलैक्ट करते हुए उच्च स्तर पर प्रस्तुत करने के निर्देश दिये थे। आज की बैठक में उस डेटा के आईडेंन्टिफिकेशन तथा उसके कलैक्शन की प्रगति की जानकारी लेते हुए निर्देशित किया कि जिन विभागों ने जिन क्षेत्रों का डेटा अभी तक आईडेंटिफाई करते हुए प्रस्तुत नहीं किया वे आगामी सोमवार तक प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में वाटरबाॅडी पुनर्जीवन तथा सीवर-सेनिटेशन का कार्य फाॅरेस्ट की जमीन पर आ रहा है वहां पर कार्य करने के लिए वन विभाग को प्रस्तावित करें। साथ ही जिस स्थान की वाटर टैस्टिंग जल संस्थान से की जाने हैं उनको भी तेजी से पूरा करें।
इस दौरान अधिशासी अभियन्ता जल संस्थान संदीप कश्यप ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि 4 घटकों पेयजल आपूर्ति, वाटरबाॅडी पुनर्जीवन, सीवरेज मैनजमैंट तथा वेस्ट मैनेजमेंट पर आधारित सिटी वाटर बैलेंस प्लान को 07 शहरों में इम्पलिमेंट होना है, जिसमें से डोईवाला, विकासनगर, और सहसपुर तीनों जगह का प्लान प्रस्तुत कर भारत सरकार को प्रेषित किया जा चुका है जबकि ऋषिकेश को कुछ करैक्शन करने हेतु वापस किया गया है। साथ ही मसूरी, सेलाकुई तथा हरबर्टपुर का ‘सिटीवाटर बैलेंस प्लांन फाइनल हो चुका है और इनको सम्बन्धित के मुख्यालय प्रेषित किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि जिन विभागों को प्लाॅन प्रस्तुत करने में कुछ अवशेष कार्य करना है वे तत्काल प्रस्तुत करवां दे। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नितिका खण्डेलवाल, जिला विकास अधिकारी सुशील मोहन डोभाल सहित पेयजल निगम, जल संस्थान, नगर निगम, यूयूएसडी (उत्तराखण्ड अर्बन सैक्टर डेवलपमैंट ऐजेंसी) सहित सम्बन्धित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
जल जीवन मिशन (शहरी) समिति की आॅनलाइन बैठक आयोजित
